कुंजापुरी मेले में पहुंचे धर्मानंद उनियाल महाविद्यालय के छात्र, किया शैक्षणिक सर्वेक्षण
पत्रकारिता, अर्थशास्त्र और गृहविज्ञान के छात्रों ने जाना मेले का व्यावहारिक पक्ष
नरेंद्रनगर।
धर्मानंद उनियाल राजकीय महाविद्यालय नरेंद्रनगर के पत्रकारिता एवं जनसंचार, अर्थशास्त्र और गृहविज्ञान विभाग के छात्र-छात्राओं ने 50वें माँ कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेला क्षेत्र का शैक्षणिक भ्रमण कर प्रायोगिक प्रशिक्षण और फील्ड सर्वेक्षण किया।

पत्रकारिता विभाग के छात्रों ने मेला परिसर में लगे विभिन्न पंडालों में उपलब्ध सामग्री, उत्पाद, सेवाओं और सरकारी योजनाओं के बारे में जानकारी ली। विभाग प्रभारी डॉ. सृचना सचदेवा ने बताया कि पत्रकारिता में रिपोर्टिंग सबसे महत्वपूर्ण है और इस प्रशिक्षण का उद्देश्य छात्रों को रिपोर्टिंग, फोटोग्राफी व संचार कौशल की बारीकियों का अभ्यास कराना है। छात्रों ने बड़े उत्साह से प्रतिभाग कर अपने सवालों के जवाब जाने।

अर्थशास्त्र विभाग* के छात्रों ने “कुंजापुरी मेले का नरेंद्रनगर के स्थानीय व्यापार पर प्रभाव” विषय पर फील्ड सर्वे किया। विभाग प्रभारी डॉ. सुधा रानी ने कहा कि मेले में विभिन्न आर्थिक गतिविधियों को बारीकी से देखने, समझने और डाटा संग्रहण का यह बेहतर अवसर है।

वहीं बीएससी,गृहविज्ञान विभाग के छात्रों ने मेले में लगे खाने के स्टॉलों पर खाद्य सुरक्षा एवं स्वच्छता का सर्वेक्षण किया। विभाग प्रभारी *डॉ. सोनी तिलारा* ने बताया कि 16 अक्टूबर को विश्व खाद्य दिवस मनाया जाता है और इसी के तहत छात्रों को खाना बनाने से लेकर परोसने तक स्वच्छता के महत्व को समझाया गया।

इस दौरान छात्रों ने मंडुए के मोमो, चाट, पकौड़े व अन्य व्यंजनों का स्वाद भी लिया। इस गतिविधि में डॉ. विक्रम सिंह बर्त्वाल, विशाल त्यागी सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

मेरे सपनों का विकसित भारत 2047’ अभियान में विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभा
कुंजापुरी मेले में नरेंद्र नगर महाविद्यालय की झांकी आकर्षण का केंद्र रही
अंतर महाविद्यालय वॉलीबॉल पुरुष वर्ग में गोपेश्वर तथा बालिका वर्ग में जसपाल राणा इंस्टीट्यूट विजेता बने
नरेंद्रनगर कॉलेज में विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर रक्तदान शिविर, छात्रों ने बढ़-चढ़कर किया रक्तदान
धर्मानंद उनियाल कॉलेज में मानसिक स्वास्थ्य परामर्श कार्यक्रम
श्री देव सुमन विश्वविद्यालय अंतर महाविद्यालय पुरुष एवं महिला वॉलीबॉल प्रतियोगिता